यूपी के पुलिस महानिदेशक ओम प्रकाश सिंह ने कहा है कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यकाल के पहले 10 महीने में यूपी पुलिस के ‘ऐक्शन’ के डर से 5500 अपराधियों ने अपनी जमानत रद्द कराई है। अपराध समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करने आगरा पहुंचे डीजीपी ने कहा कि अपराधियों के खिलाफ यूपी पुलिस की कार्रवाई को सफल बनाने के लिए एसटीएफ ने निष्ठापूर्वक प्रयास किए हैं।

डीजीपी ने कहा, ‘मार्च 2017 से जनवरी 2018 के बीच 10 महीनों में यूपी पुलिस ने 1331 एनकाउंटर किए हैं। इसमें 3091 वांछित अपराधी गिरफ्तार किए गए हैं और 43 को मार गिराया गया। इनमें से 50 फीसदी के ऊपर इनाम घोषित था। इसमें से कई ऐसे थे जो लंबे समय से फरार चल रहे थे। ऐक्शन के डर से पिछले 10 महीने में 5409 अपराधियों ने कोर्ट से अपनी बेल रद्द कराई है।’

उन्होंने बताया कि इस वर्ष होली के दौरान दो पक्षों में संघर्ष के 14 मामले सामने आए जिसमें कुछ सांप्रदायिक संघर्ष के मामले शामिल हैं। यह वर्ष 2013 से हर साल औसतन इसी तरह के 60 मामलों से कम है। सिंह ने कहा, ‘पूरी तैयारी और पुलिस की सतर्कता के चलते इस बार होली का त्योहार शांतिपूर्ण तरीके से मनाया गया।’

यूपी के डीजीपी ने कहा, ‘पुलिस अधिकारियों की अपील पर मुस्लिम नेताओं ने जुमे की नमाज का समय बदल दिया ताकि कानून और व्यवस्था को बनाए रखा जा सके। इस तरह के सोशल पुलिसिंग के जरिए हम सभी त्योहारों और सार्वजनिक कार्यक्रमों को शांतिपूर्ण तरीके से कराते रहेंगे।’ महिलाओं के खिलाफ अपराध के बारे में उन्होंने कहा कि 3400 मामलों में कानूनी कार्रवाई की गई है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here